पचमढ़ी, 3 जून 2025 —
मध्यप्रदेश के पचमढ़ी में मोहन यादव कैबिनेट की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई, जिसमें कई अहम फैसले लिए गए। बैठक में सबसे बड़ा निर्णय पचमढ़ी वन्य जीव अभ्यारण का नाम राजा भभूत सिंह के नाम पर रखने का लिया गया। इस फैसले के साथ ही, राजा भभूत सिंह की कर्मभूमि और जन्मभूमि के प्रति श्रद्धा प्रकट की गई, जिन्हें नर्मदा अंचल का शिवाजी भी कहा जाता था।

राजा भभूत सिंह की जीवित यादें
बैठक की जानकारी देते हुए नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि राजा भभूत सिंह ने अंग्रेजों से भारत को स्वतंत्रता दिलाने में अपनी भूमिका निभाई थी। वे न केवल महान नेता थे, बल्कि उन्होंने मक्खियों से अंग्रेजों को भगाने की अपनी वीरता के लिए भी इतिहास में अपनी छाप छोड़ी थी। उनका नाम हमेशा नर्मदा अंचल के लोगों के दिलों में रहेगा और अब उनकी वीरता को सम्मान देने के लिए पचमढ़ी वन्य जीव अभ्यारण का नाम उनके नाम पर रखा जाएगा।

बैठक की शुरुआत
कैबिनेट बैठक की शुरुआत पचमढ़ी स्थित राजभवन में हुई, जहां पर राजा भभूत सिंह की स्मृति और जनजातीय समाज के कल्याण को समर्पित इस आयोजन का आरंभ राष्ट्रीय गीत “वंदे मातरम” के गायन से हुआ। यह भावनात्मक क्षण था, जिसमें सभी मंत्रियों और उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने एकजुट होकर भारत माता के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की।

कैबिनेट के महत्वपूर्ण फैसले
बैठक में कई और अहम फैसले भी लिए गए:
- उज्जैन में वेलनेस समिट (5 जून):
इस वर्ष 5 जून को उज्जैन में वेलनेस समिट का आयोजन किया जाएगा। इस समिट में स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की जाएगी, जो प्रदेश के नागरिकों के जीवन स्तर को सुधारने में सहायक होगी। - पीएम मोदी के 11 साल के कार्यकाल की वर्षगांठ (9 जून):
9 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल के 11 साल पूरे होंगे। इस मौके पर प्रदेशभर में कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें प्रधानमंत्री की योजनाओं के लाभों और उनके कार्यकाल की उपलब्धियों का जश्न मनाया जाएगा। - राजस्व विभाग में 500 पदों की समाप्ति और 1200 नए पदों का सृजन:
राजस्व विभाग में 500 पदों को समाप्त कर 1200 नए पदों का सृजन करने का निर्णय लिया गया है। इन नए पदों में आईटी के पदों को ज्यादा महत्व दिया जाएगा, ताकि समस्या का त्वरित समाधान किया जा सके। तहसीलदारों के कार्यों को भी पुनः व्यवस्थित किया जाएगा और अब वे विशेष रूप से कानून व्यवस्था और न्यायालय से संबंधित कार्यों को देखेंगे।

- राजस्व विभाग के पदों का पुनर्गठन:
राजस्व विभाग में मुख्य राजस्व आयुक्त और आयुक्त अभिलेख को मर्ज कर एक नया पद कमिश्नर लैंड रिसोर्स मैनेजमेंट का सृजन किया गया है। इस नए पद का उद्देश्य भूमि संसाधनों का बेहतर प्रबंधन करना होगा। - श्रम विभाग में संशोधन:
श्रम विभाग में महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण संशोधन किया गया है, जिसके तहत महिलाएं अब सुरक्षित तरीके से रात में भी काम कर सकेंगी। इसके साथ ही, ठेका श्रमिकों के नियमों में भी बदलाव किए जाएंगे ताकि उनका शोषण न हो। लेबर एक्ट में यह संशोधन महिलाओं और श्रमिकों के अधिकारों को सुनिश्चित करेगा। - इंदौर में एग्रो आईआईटी हब का निर्माण:
इंदौर में एग्रो आईआईटी हब बनाने का भी निर्णय लिया गया है। इस हब के माध्यम से कृषि तकनीकों में सुधार किया जाएगा और कृषि विज्ञान के क्षेत्र में नए अनुसंधान और विकास को बढ़ावा मिलेगा। यह पहल कृषि क्षेत्र में नई तकनीकों और वैज्ञानिक विधियों के उपयोग को बढ़ावा देने में सहायक साबित होगी।

कैबिनेट बैठक में उपस्थित नेता
बैठक में कई प्रमुख नेता और मंत्रियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इनमें कैलाश विजयवर्गीय सहित अन्य कई मंत्रियों और अधिकारियों ने बैठक में महत्वपूर्ण फैसलों पर चर्चा की और उनके प्रभावी कार्यान्वयन पर जोर दिया।