सागर (रहली), 04 जून 2025
सागर जिले के रहली कस्बे के वार्ड क्रमांक-9 में मंगलवार रात हुई भारी बारिश के बाद एक जर्जर दो मंजिला मकान की दीवार अचानक ढह गई, जिसमें चार लोग मलबे की चपेट में आ गए। घायलों में एक 3 साल का बच्चा भी शामिल है। दो गंभीर रूप से घायलों को जिला अस्पताल सागर रेफर किया गया है।

घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार, नंदकिशोर साहू का यह कच्चा दो मंजिला मकान किराएदारों के रहने के लिए इस्तेमाल हो रहा था। मंगलवार शाम हुई तेज बारिश के बाद देर रात मकान की एक दीवार अचानक गिर गई। दीवार के ढहने से कैलाश चढ़ार (42), नरेश चढ़ार (25), उनका 3 साल का बेटा मोहन और अनीता सोनी (60) मलबे के नीचे दब गए।

स्थानीय लोगों ने किया रेस्क्यू
घटना के बाद मोहल्ले में अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोगों ने तुरंत मलबा हटाकर सभी घायलों को बाहर निकाला और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रहली पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद कैलाश और नरेश को गंभीर हालत में जिला अस्पताल भेजा गया।

घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने दी जानकारी
मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि अनीता सोनी घटना के समय घर के दरवाजे पर बैठी हुई थीं, जबकि नरेश और उनका बेटा मोहन अंदर सो रहे थे। अचानक दीवार गिरने से तीनों मलबे में दब गए।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
तहसीलदार राजेश पांडे ने पुष्टि की कि “इस घटना में चार लोग घायल हुए हैं, लेकिन किसी की मौत की खबर नहीं है। सभी का इलाज चल रहा है।” उन्होंने क्षेत्र में जर्जर इमारतों की जांच और सुरक्षा उपायों पर जोर दिया।

नगर पालिका की लापरवाही पर सवाल
स्थानीय निवासियों ने नगर पालिका प्रशासन पर पुरानी और असुरक्षित इमारतों पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि मानसून से पहले ही ऐसे खतरनाक मकानों को चिन्हित कर उन्हें ध्वस्त किया जाना चाहिए था।

यह घटना शहरी क्षेत्रों में जर्जर इमारतों के खतरे को एक बार फिर उजागर करती है। प्रशासन को तत्काल ऐसी असुरक्षित संरचनाओं की पहचान कर कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोका जा सके।
ब्यूरो रिपोर्ट रिपब्लिक सागर मीडिया !
संवाददाता – अर्पित सेन
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