इंदौर। शहर के सेंट्रल कोतवाली थाना क्षेत्र में एक 18 वर्षीय युवक द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने की घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी। युवक ने कथित तौर पर अपना मोबाइल फोन तोड़ने के बाद मां का मोबाइल लिया और कमरे में चला गया, जहां बाद में वह फंदे पर लटका मिला। घटना के बाद परिवार में मातम का माहौल है, जबकि पुलिस मामले के हर पहलू की जांच में जुट गई है।
मृतक की पहचान गौरव पुत्र मनोज कुरिल, निवासी नार्थ तोड़ा, इंदौर के रूप में हुई है। गौरव अपने मामा के साथ जूते-चप्पल के व्यवसाय से जुड़ा हुआ था और परिवार का इकलौता बेटा था। परिजनों के अनुसार वह बुधवार को सुबह से ही परेशान और चुपचाप था। उसने किसी से ज्यादा बातचीत नहीं की और सामान्य व्यवहार से अलग दिखाई दे रहा था।
जानकारी के अनुसार, दिन में किसी बात को लेकर गौरव नाराज हो गया था। बताया जा रहा है कि उसकी एक पैंट पर दूसरी पैंट का रंग लग गया था, जिससे वह काफी गुस्से में आ गया। आवेश में आकर उसने कैंची से अपनी पैंट काट दी। इस बात को लेकर घर में कहासुनी भी हुई थी। परिवार के लोगों ने उसे समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह शांत नहीं हुआ।

प्रत्यक्ष जानकारी के मुताबिक, विवाद के बाद गौरव ने अपना मोबाइल फोन तोड़ दिया। इसके बाद उसने अपनी मां का मोबाइल लिया और अपने कमरे में चला गया। काफी समय तक कमरे का दरवाजा बंद रहने और अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर परिवार के लोगों को चिंता हुई। जब कई बार आवाज लगाने के बाद भी दरवाजा नहीं खुला तो पड़ोसियों की मदद ली गई।
पड़ोसियों और परिजनों ने मिलकर कमरे का दरवाजा खोला तो अंदर का दृश्य देखकर सभी स्तब्ध रह गए। गौरव कमरे में फंदे पर लटका हुआ था। परिजन तत्काल उसे नीचे उतारकर अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। सूचना मिलने पर सेंट्रल कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। कमरे से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे आत्महत्या के पीछे का स्पष्ट कारण सामने नहीं आ सका है। हालांकि पुलिस ने घटनास्थल से टूटा हुआ मोबाइल जब्त कर लिया है। मोबाइल की तकनीकी जांच कर यह पता लगाने का प्रयास किया जाएगा कि घटना से पहले युवक किन लोगों के संपर्क में था और उसकी मानसिक स्थिति कैसी थी।
प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि गौरव ने मां के मोबाइल से अपने एक मित्र को फोन किया था। उसने कथित रूप से अपने आईफोन को ठीक कराने की बात कही थी। पुलिस इस कॉल और अन्य डिजिटल गतिविधियों की भी जांच कर रही है ताकि घटना के पीछे की वास्तविक वजह का पता लगाया जा सके।
परिजनों ने पुलिस को बताया कि गौरव परिवार का इकलौता पुत्र था और घर में सभी उससे बेहद स्नेह करते थे। उसके पिता मनोज कुरिल वाहन पॉलिश का कार्य करते हैं और परिवार सामान्य जीवन व्यतीत कर रहा था। परिवार के लोगों का कहना है कि उन्हें अंदाजा भी नहीं था कि मामूली दिखने वाली नाराजगी इतनी बड़ी घटना में बदल जाएगी।
सेंट्रल कोतवाली पुलिस का कहना है कि फिलहाल मामले को आत्महत्या मानते हुए जांच की जा रही है, लेकिन किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मोबाइल की जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस युवक के दोस्तों, परिवारजनों और परिचितों से भी पूछताछ कर रही है।
इस घटना ने एक बार फिर युवाओं में बढ़ते मानसिक तनाव और भावनात्मक अस्थिरता के मुद्दे को सामने ला दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि परिवार और समाज को युवाओं के व्यवहार में आने वाले अचानक बदलावों पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए, ताकि समय रहते आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
फिलहाल पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है। युवक की असमय मृत्यु से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल बना हुआ है।