जिले के मालथोन थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम अंडेला में मानवता को शर्मसार करने वाली एक गंभीर घटना सामने आई, जिसमें एक पिता ने घरेलू विवाद के चलते अपनी ही 18 वर्षीय बेटी पर कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला कर दिया। पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई की और घटना के महज 24 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया।

घटना 11 जुलाई 2025 को शाम करीब 6:45 बजे की है, जब रामबहार घोषी, निवासी ग्राम अंडेला, ने अपनी पुत्री संध्या घोषी पर आहत हो कर कुल्हाड़ी से कई वार किए। संध्या गंभीर रूप से घायल हो गई और उसने किसी तरह से बचकर स्वयं को सुरक्षित किया। पीड़िता ने शाम को ही थाना मालथोन में पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सागर श्री विकास कुमार शाहवाल के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. संजीव कुमार उइके एवं एसडीओपी खुरई के मार्गदर्शन में तत्काल विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की गई। मालथोन पुलिस द्वारा तत्परता से कार्रवाई करते हुए 12 जुलाई 2025 को आरोपी रामबहार घोषी को गिरफ्तार कर लिया गया।
घटना में प्रयुक्त आलाजरब कुल्हाड़ी भी पुलिस द्वारा मौके से बरामद कर ली गई है। आरोपी को नियमानुसार माननीय न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
📌 घटना से संबंधित प्रमुख जानकारी:
- थाना: मालथोन
- अपराध क्रमांक: 261/25
- धारा: 296(बी), 127(2), 109(1), 118(1) बीएनएस
- घटना दिनांक व समय: 11.07.2025, समय 18:45 बजे
- एफआईआर दर्ज करने का समय: 11.07.2025, रात्रि 23:46 बजे
- स्थान: ग्राम अंडेला, आहता का घर
- पीड़िता: संध्या घोषी, उम्र 18 वर्ष
- आरोपी: रामबहार घोषी (पिता)
👮♂️ पुलिस टीम, जिन्होंने त्वरित कार्रवाई की:
- उप निरीक्षक अशोक यादव – थाना प्रभारी, मालथोन
- उप निरीक्षक धनेन्द्र यादव – चौकी प्रभारी, बरोदिया कलां
- प्रधान आरक्षक देवनारायण शुक्ला
- प्रधान आरक्षक संजय राजपूत
- आरक्षक: स्वदेश, प्रमोद, राजेश
✅ जिला पुलिस का संकल्प:
सागर पुलिस आम जनता की सुरक्षा के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। इस प्रकार की घटनाओं पर त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई कर पुलिस यह सुनिश्चित कर रही है कि कानून का भय बना रहे एवं आम नागरिकों में न्याय प्रणाली के प्रति विश्वास मजबूत हो।
पुलिस अधीक्षक श्री शाहवाल ने इस सराहनीय कार्रवाई के लिए पुलिस टीम की प्रशंसा की और कहा कि ऐसे मामलों में “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई जाएगी।