देवास जिले में कथित धर्मांतरण गतिविधियों के आरोपों के खिलाफ सफाई देने प्रेस कॉन्फ्रेंस करने आए पत्रकार सौरभ बेनर्जी और उनकी सहयोगी युवती से बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने प्रेस क्लब के बाहर मारपीट की। घटना के दौरान दोनों को पुलिस और मीडिया कर्मियों ने बचाया, जिसके बाद उन्हें थाने ले जाया गया।

मामला शुक्रवासा गांव के जंगल में संदिग्ध रूप से रह रहे कुछ युवकों और युवतियों से जुड़ा है, जिन पर धर्म परिवर्तन का प्रयास करने का आरोप है। सौरभ ने इन आरोपों को झूठा बताया और कहा कि उनका कोई विदेशी फंडिंग या धर्मांतरण से संबंध नहीं है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने जान से मारने की धमकियां भी दीं और मीडिया से बात करने से रोका। पुलिस मामले की जांच कर रही है और युवकों से जुड़े दस्तावेजों व गतिविधियों की गहराई से पड़ताल की जा रही है।