सागर, 01 सितम्बर 2025।
जिले में नागरिकों की शिकायतों के त्वरित और संतुष्टिपूर्ण निराकरण को लेकर कलेक्टर श्री संदीप जी.आर. ने सोमवार को समय-सीमा बैठक में अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निराकरण में प्रगति न लाने वाले या लापरवाही बरतने वाले विभागीय अधिकारियों की एक-एक वेतन वृद्धि रोकी जाएगी।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री विवेक केवी, सभी एसडीएम, जनपद सीईओ और विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे।

✅ शिकायतों पर संतुष्टि जरूरी
कलेक्टर ने कहा कि केवल फाइल बंद करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि शिकायतकर्ता को यह महसूस होना चाहिए कि उसकी समस्या का सही और संतोषजनक समाधान किया गया है।
उन्होंने निर्देश दिए कि –
- अधिकारी सीधे शिकायतकर्ताओं से मोबाइल पर बातचीत करें या जरूरत पड़ने पर व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्या सुनें।
- समय-सीमा के भीतर शिकायतों का समाधान हो और रिपोर्ट दर्ज की जाए।
- जिन अधिकारियों के विभाग में शिकायतें लंबे समय से नॉन-अटेंडेड या लंबित हैं, उनकी जिम्मेदारी तय होगी।

⚠️ लापरवाही पर सख्त कार्रवाई
कलेक्टर संदीप जी.आर. ने कहा कि शासन की प्राथमिकता है कि जनता को उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान मिले। ऐसे में यदि किसी अधिकारी की लापरवाही सामने आती है तो उनके विरुद्ध वेतन वृद्धि रोकने जैसी कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
🏛️ बैठक में प्रमुख मुद्दे
- समय-सीमा पत्रों की विभागवार समीक्षा की गई।
- सीएम हेल्पलाइन के अलावा अन्य शिकायत निवारण प्रणाली को भी प्रभावी बनाने पर चर्चा हुई।
- शिकायतों की मॉनिटरिंग और फॉलोअप की व्यवस्था को और मजबूत करने पर जोर दिया गया।

📌 कलेक्टर का सख्त संदेश
कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा –
“जनता की समस्याओं का समय पर समाधान ही हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। अगर शिकायतें लंबित रहीं तो इसे गंभीरता से लिया जाएगा और किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
सागर से बड़ी प्रशासनिक खबर
सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के संतुष्टिपूर्ण निराकरण पर जोर, लापरवाह अधिकारियों की वेतन वृद्धि होगी रोकी – कलेक्टर संदीप जी.आर.
सागर, 01 सितम्बर 2025।
जिले में नागरिकों की शिकायतों के त्वरित और संतुष्टिपूर्ण निराकरण को लेकर कलेक्टर श्री संदीप जी.आर. ने सोमवार को समय-सीमा बैठक में अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निराकरण में प्रगति न लाने वाले या लापरवाही बरतने वाले विभागीय अधिकारियों की एक-एक वेतन वृद्धि रोकी जाएगी।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री विवेक केवी, सभी एसडीएम, जनपद सीईओ और विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे।

✅ शिकायतों पर संतुष्टि जरूरी
कलेक्टर ने कहा कि केवल फाइल बंद करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि शिकायतकर्ता को यह महसूस होना चाहिए कि उसकी समस्या का सही और संतोषजनक समाधान किया गया है।
उन्होंने निर्देश दिए कि –
- अधिकारी सीधे शिकायतकर्ताओं से मोबाइल पर बातचीत करें या जरूरत पड़ने पर व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्या सुनें।
- समय-सीमा के भीतर शिकायतों का समाधान हो और रिपोर्ट दर्ज की जाए।
- जिन अधिकारियों के विभाग में शिकायतें लंबे समय से नॉन-अटेंडेड या लंबित हैं, उनकी जिम्मेदारी तय

⚠️ लापरवाही पर सख्त कार्रवाई
कलेक्टर संदीप जी.आर. ने कहा कि शासन की प्राथमिकता है कि जनता को उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान मिले। ऐसे में यदि किसी अधिकारी की लापरवाही सामने आती है तो उनके विरुद्ध वेतन वृद्धि रोकने जैसी कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
🏛️ बैठक में प्रमुख मुद्दे
- समय-सीमा पत्रों की विभागवार समीक्षा की गई।
- सीएम हेल्पलाइन के अलावा अन्य शिकायत निवारण प्रणाली को भी प्रभावी बनाने पर चर्चा हुई।
- शिकायतों की मॉनिटरिंग और फॉलोअप की व्यवस्था को और मजबूत करने पर जोर दिया गया।

📌 कलेक्टर का सख्त संदेश
कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा –
“जनता की समस्याओं का समय पर समाधान ही हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। अगर शिकायतें लंबित रहीं तो इसे गंभीरता से लिया जाएगा और किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”