सागर में जननी सुरक्षा योजना के लाभ सुनिश्चित करने हेतु गर्भवती महिलाओं के बैंक खातों की जांच

Spread the love

सागर, 08 सितंबर 2025।
गर्भवती माताओं को जननी सुरक्षा योजना समेत अन्य कल्याणीकारी योजनाओं का लाभ प्रसव के दिन ही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत महिलाओं के बैंक खाते, ई-केवाईसी, आधार लिंकिंग और अन्य जरूरी कागजी कार्यवाही की जांच की जा रही है।


बैंक खातों की जांच और गर्भवती महिलाओं का चिन्हांकन

कलेक्टर के निर्देशों के अनुरूप, केसली क्षेत्र में

  • आशा कार्यकर्ता,
  • एएनएम (Auxiliary Nurse Midwife) और
  • आंगनबाड़ी कार्यकर्ता

के माध्यम से गर्भवती महिलाओं का चिन्हांकन और पहचान की जा रही है। इस प्रक्रिया में यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि

  • सभी गर्भवती महिलाओं के बैंक खाते एक्टिव हों,
  • ई-केवाईसी, आधार लिंकिंग और अन्य आवश्यक कागजी कार्यवाही पूरी हो, ताकि प्रसव के समय लाभ तुरंत उपलब्ध हो सके।

जांच का वर्तमान आंकड़ा

  • अब तक 947 गर्भवती महिलाओं के बैंक खातों की जांच और सत्यापन किया जा चुका है।
  • बाकी गर्भवती महिलाओं के बैंक खातों की जांच सर्वेक्षण के माध्यम से लगातार जारी है।
  • इससे यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी गर्भवती महिला योजना का लाभ लेने से वंचित न रहे।

प्रशासन की पहल और उद्देश्य

कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने कहा कि

  • गर्भवती माताओं को समय पर वित्तीय सहायता और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ देना प्राथमिकता है।
  • बैंक खाते और संबंधित कागजी कार्यवाही सही तरीके से होनी चाहिए ताकि प्रसव के समय किसी प्रकार की अड़चन न आए।
  • आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से ग्रामीण माताओं तक योजना की लाभकारी जानकारी और सुविधा पहुंचाई जा रही है।

योजना के लाभ

जननी सुरक्षा योजना और अन्य कल्याणीकारी योजनाओं के तहत माताओं को मिलने वाले लाभ में शामिल हैं:

  • प्रसव के समय आर्थिक सहायता,
  • मातृ और शिशु स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं,
  • अस्पताल में सुरक्षित प्रसव और चिकित्सा सहायता।

इस पहल से गर्भवती माताओं को समय पर वित्तीय और स्वास्थ्य सहायता प्राप्त होगी और मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी लाने में मदद मिलेगी।


प्रशासन का संदेश

कलेक्टर ने सभी आशा, एएनएम और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से अपील की है कि

  • सभी गर्भवती माताओं के बैंक खातों और कागजात का सत्यापन नियमित रूप से करें,
  • सुनिश्चित करें कि कोई भी महिला योजना से वंचित न रहे,
  • ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता फैलाकर योजना का लाभ अधिकतम लोगों तक पहुंचे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *