भोपाल में शनिवार रात एक बेहद खौफनाक सड़क हादसा और हंगामा देखने को मिला, जब एक बर्थडे पार्टी के बाद नशे में धुत युवकों ने तेज रफ्तार कार से शहर के कई इलाकों में तांडव मचा दिया। इस घटना ने करीब 10 से 12 किलोमीटर तक पूरे शहर में दहशत फैला दी और कई लोग घायल हो गए।
घटना रात करीब 9 से 9:30 बजे के बीच की बताई जा रही है, जब कुछ युवक बैरागढ़ इलाके में जन्मदिन की पार्टी के बाद शराब के नशे में टोयोटा हाइराइडर से निकल पड़े।
कैसे शुरू हुआ खतरनाक सफर?
पार्टी में शामिल युवकों की पहचान सर्वा दुबे, आदित्य, तुषार खरे और संभव जायसवाल के रूप में हुई है। बताया गया कि शुरुआत में कार आदित्य चला रहा था, लेकिन बाद में उसने गाड़ी सर्वा दुबे को सौंप दी। इसके बाद जो हुआ उसने पूरे शहर को दहला दिया।

सर्वा दुबे ने तेज रफ्तार में कार दौड़ाना शुरू किया और सड़क पर जो भी सामने आया—ठेले, दोपहिया वाहन और राहगीर—उसे टक्कर मारते हुए आगे बढ़ता गया।
कई इलाकों में फैली दहशत
कार का यह तांडव कीर्ति मेडिकल से शुरू होकर अशोका गार्डन, अयोध्या नगर, कोलार रोड और मीनाल क्षेत्र तक फैल गया।
इस दौरान कई राहगीर और वाहन चालक इसकी चपेट में आ गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार इतनी तेज रफ्तार में थी कि लोग संभल भी नहीं पाए।
पुलिसकर्मी को भी मारी टक्कर
इस घटना में एक पुलिस आरक्षक को भी कार ने टक्कर मार दी, जिसके बाद पुलिस तुरंत हरकत में आई। इसके बाद तीन थानों की पुलिस ने मिलकर आरोपियों का पीछा शुरू किया।

करीब 10–12 किलोमीटर तक पीछा करने के बाद पुलिस ने मीनाल क्षेत्र के पास कार को घेर लिया और दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
भीड़ का गुस्सा, पुलिस ने संभाला मोर्चा
घटना के बाद मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और आरोपियों के खिलाफ आक्रोश फैल गया। गुस्साई भीड़ ने आरोपियों को घेर लिया, जिससे हालात तनावपूर्ण हो गए।
पुलिस को हस्तक्षेप कर आरोपियों को भीड़ से सुरक्षित निकालना पड़ा। इस दौरान इलाके में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
कई लोग घायल, स्थिति स्पष्ट नहीं
हादसे में कई लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। घायलों को आसपास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, हालांकि अभी तक कुल घायलों की आधिकारिक संख्या स्पष्ट नहीं हो सकी है।
पुलिस की जांच जारी
शिल्पा गौरव के अनुसार, यह एक गंभीर मामला है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी और यह भी जांच की जा रही है कि घटना के समय कार में कितने लोग मौजूद थे और कितने लोग मौके से फरार हो गए।
बढ़ते सवाल
इस घटना ने एक बार फिर शहर में नशे में ड्राइविंग, तेज रफ्तार और कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते पुलिस पीछा नहीं करती तो स्थिति और भी भयावह हो सकती थी।
भोपाल की यह घटना दिखाती है कि थोड़ी सी लापरवाही और नशे में लिया गया फैसला कितनी बड़ी तबाही मचा सकता है। फिलहाल पुलिस जांच जारी है और घायलों के उपचार के साथ-साथ आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।