सागर। शहर के प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस शासकीय महाविद्यालय मकरोनिया में राष्ट्रीय कार्य बल एवं ‘उमंग उच्च शिक्षा हेल्थ एंड वेलनेस’ पहल के अंतर्गत विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य और व्यक्तित्व विकास के लिए 5 दिवसीय कार्यक्रमों की श्रृंखला का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम के पहले दिन योग, ध्यान और प्राणायाम पर केंद्रित विशेष सत्र आयोजित हुआ, जिसमें विद्यार्थियों को मानसिक संतुलन, एकाग्रता और सकारात्मक जीवनशैली के महत्व से अवगत कराया गया।
योग और ध्यान अपनाने पर जोर
उद्घाटन अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एसी जैन ने कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी दौर में विद्यार्थियों के लिए मानसिक रूप से सशक्त और संतुलित रहना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि योग और ध्यान न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाते हैं, बल्कि आत्मविश्वास और निर्णय क्षमता को भी मजबूत करते हैं।

डॉ. अजय ठाकुर, डॉ. दिव्या गुरु और डॉ. सुनील विश्वकर्मा ने विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच, अनुशासन और संतुलित दिनचर्या अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि मानसिक स्वास्थ्य को नजरअंदाज करने से पढ़ाई और व्यक्तिगत जीवन दोनों प्रभावित हो सकते हैं।
व्यावहारिक सत्र में उत्साह
मुख्य प्रशिक्षक सीरु श्रीवास्तव ने विद्यार्थियों को योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विभिन्न तकनीकों का व्यावहारिक अभ्यास कराया। उन्होंने बताया कि नियमित अभ्यास से तनाव कम होता है और एकाग्रता बढ़ती है।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. रश्मि यादव ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन जितेन्द्र राजपूत ने किया।
इस अवसर पर करीब 60 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। महाविद्यालय प्रबंधन के अनुसार आगामी चार दिनों में व्यक्तित्व विकास, तनाव प्रबंधन, समय प्रबंधन और करियर मार्गदर्शन जैसे विषयों पर भी विशेषज्ञ सत्र आयोजित किए जाएंगे।
इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को शैक्षणिक उपलब्धियों के साथ-साथ मानसिक रूप से सुदृढ़ और संतुलित नागरिक बनाना है।