इंदौर। शहर के लसूड़िया थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां मायके में रह रही 32 वर्षीय महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है। महिला अपने तीन बच्चों के साथ करीब एक महीने पहले गर्मी की छुट्टियां बिताने मायके आई थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है और आत्महत्या के कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, स्कीम नंबर-136 निवासी दीपिका वाघला (32) पत्नी दिलीप वाघला ने अपने कमरे में फांसी लगाकर जीवन समाप्त कर लिया। रविवार शाम हुई इस घटना ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।
देर शाम तक कमरे से बाहर नहीं निकली तो हुआ संदेह
परिजनों ने बताया कि रविवार दोपहर भोजन के बाद दीपिका अपने कमरे में आराम करने चली गई थी। शाम होने के बाद भी जब वह बाहर नहीं निकली तो उसकी मां को चिंता हुई। उन्होंने कई बार आवाज लगाई, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।

इसके बाद दीपिका के पिता और छोटी बहन भी मौके पर पहुंचे। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिलने पर परिजनों ने दरवाजे का लॉक तोड़ दिया। कमरे के अंदर का दृश्य देखकर सभी स्तब्ध रह गए। दीपिका फंदे पर लटकी हुई थी।
परिजनों ने तुरंत उसे नीचे उतारने का प्रयास किया और पुलिस को सूचना दी, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।
तीन मासूम बच्चों की मां थी दीपिका
जानकारी के अनुसार दीपिका की शादी करीब 12 वर्ष पहले अलीराजपुर जिले में हुई थी। उसके पति एक गैर-सरकारी संस्था (एनजीओ) में कार्यरत हैं। दंपति के तीन बच्चे हैं।
गर्मी की छुट्टियों के कारण दीपिका लगभग एक माह पहले अपने बच्चों के साथ इंदौर स्थित मायके आई थी। घटना के समय उसके तीनों बच्चे घर के बाहर खेल रहे थे और उन्हें इस बात का अंदाजा भी नहीं था कि उनकी जिंदगी में इतना बड़ा हादसा घटने वाला है।
घटना के बाद बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के सदस्य भी गहरे सदमे में हैं।
पुलिस को नहीं मिला कोई सुसाइड नोट
पुलिस की प्रारंभिक जांच में घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। ऐसे में आत्महत्या के पीछे के वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सके हैं।
हालांकि शुरुआती तौर पर पारिवारिक तनाव या घरेलू कलह की आशंका व्यक्त की जा रही है। परिजन इस संबंध में फिलहाल खुलकर कुछ भी कहने से बच रहे हैं। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
मोबाइल फोन और कॉल रिकॉर्ड की होगी जांच
लसूड़िया थाना पुलिस के अनुसार आत्महत्या के कारणों तक पहुंचने के लिए मृतका के मोबाइल फोन की जांच की जाएगी। कॉल डिटेल, मैसेज, सोशल मीडिया गतिविधियों और हाल के संपर्कों की जानकारी जुटाई जा रही है।
इसके साथ ही मायके और ससुराल पक्ष के लोगों के बयान भी दर्ज किए जाएंगे। पुलिस यह जानने का प्रयास करेगी कि घटना से पहले महिला किसी मानसिक तनाव, पारिवारिक विवाद या अन्य समस्या से गुजर रही थी या नहीं।
सूचना मिलते ही अलीराजपुर से पहुंचे परिजन
घटना की जानकारी मिलते ही अलीराजपुर से ससुराल पक्ष के लोग भी इंदौर पहुंच गए। दोनों परिवारों में शोक का माहौल है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मोबाइल जांच और परिजनों के बयानों के आधार पर ही घटना के पीछे की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी।
कई सवाल छोड़ गई यह घटना
एक माह पहले बच्चों के साथ मायके आई महिला द्वारा अचानक आत्महत्या किए जाने की घटना कई सवाल खड़े कर रही है। आखिर ऐसा क्या हुआ कि तीन बच्चों की मां ने इतना बड़ा कदम उठा लिया? क्या वह किसी मानसिक तनाव में थी या इसके पीछे कोई अन्य कारण था? इन सभी सवालों के जवाब अब पुलिस जांच के बाद ही सामने आ सकेंगे।
फिलहाल इस दर्दनाक घटना ने एक परिवार की खुशियां छीन ली हैं और तीन मासूम बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है।