छतरपुर जिले के पिपट थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लखनगुंवा में पट्टे की जमीन को लेकर चला आ रहा विवाद गुरुवार को खूनी संघर्ष में बदल गया। खेत की बाड़ी को लेकर हुए इस टकराव में एक किसान की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि दोनों पक्षों के लगभग आधा दर्जन लोग घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

1998 से मिली थी पट्टे की जमीन
मृतक किसान की पहचान गोली अहिरवार (55 वर्ष) पुत्र तिजवा अहिरवार, निवासी ग्राम लखनगुंवा के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, गोली अहिरवार को वर्ष 1998 में शासन की ओर से यह जमीन पट्टे पर आवंटित की गई थी, जिस पर वे लंबे समय से खेती कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। इसी जमीन को लेकर उनका गांव के ही एक अन्य परिवार से विवाद चल रहा था। आरोप है कि विवादित जमीन पर आरोपी पक्ष ने कब्जा कर रखा था, जिसे लेकर आए दिन कहासुनी होती रहती थी।

खेत की बाड़ी को लेकर भड़का विवाद
गुरुवार अपराह्न करीब 4 बजे खेत की बाड़ी (मेड़) को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। पहले कहासुनी हुई और देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। दोनों परिवारों के लोगों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। अचानक हुए इस संघर्ष से खेत का इलाका रणक्षेत्र में तब्दील हो गया।

गंभीर रूप से घायल हुए किसान, अस्पताल में मौत
लाठी-डंडों की मार से गोली अहिरवार को गंभीर चोटें आईं। उनके परिवार के सदस्य भी हमले में घायल हुए, वहीं दूसरे पक्ष के भी कुछ लोगों को चोटें आई हैं। घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और सभी घायलों को तत्काल छतरपुर जिला अस्पताल भिजवाया गया। इलाज के दौरान गंभीर रूप से घायल किसान गोली अहिरवार ने दम तोड़ दिया। उनकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।

गांव में तनाव, पुलिस जांच में जुटी
किसान की मौत के बाद गांव में तनाव की स्थिति बन गई है। पुलिस ने एहतियातन गांव में निगरानी बढ़ा दी है ताकि कोई और अप्रिय घटना न हो। पिपट थाना पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर लिया है और आरोपियों की पहचान कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस घायलों के बयान दर्ज कर रही है और यह जांच की जा रही है कि विवाद किन परिस्थितियों में हिंसक रूप ले गया।
भूमि विवाद बना जानलेवा
यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि भूमि विवाद किस तरह ग्रामीण इलाकों में हिंसा और हत्या का कारण बनते जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।