सागर जिले के मोतीनगर थाना क्षेत्र में शराब पीने के लिए पैसे नहीं देने पर एक युवक के साथ की गई मारपीट के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें दो आरोपी बालिग हैं, जबकि एक आरोपी नाबालिग पाया गया है।
पुलिस के अनुसार, फरियादी लीलाधर यादव पिता रामसिंह यादव (उम्र 28 वर्ष), निवासी शिवा टायर के सामने वाली गली, शास्त्री वार्ड ने 24 दिसंबर को मोतीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। फरियादी भारत-पे कंपनी में कार्यरत है। उसने बताया कि वह 24 दिसंबर की शाम करीब 7 बजे अपने घर लौट रहा था। जैसे ही वह गल्ला मंडी चौराहा के आगे पगारा रोड पर पहुंचा, तभी आजाद अहिरवार, देवेंद्र अहिरवार और उनका एक अन्य साथी बाइक से वहां पहुंचे।

आरोप है कि तीनों ने रास्ता रोककर शराब पीने के लिए 1000 रुपये की मांग की। जब फरियादी ने पैसे देने से इनकार किया तो आरोपियों ने पहले गाली-गलौज की और फिर मारपीट शुरू कर दी।
लाठी-डंडों से किया हमला
शिकायत के मुताबिक, आरोपी आजाद अहिरवार ने हाथ में लिए डंडे से फरियादी के सिर पर वार किया, जबकि एक अन्य आरोपी ने डंडे से उसके दाहिने पैर के घुटने पर हमला किया, जिससे वह जमीन पर गिर पड़ा। इसके बाद देवेंद्र अहिरवार और उसके साथी ने लात-घूंसों से बेरहमी से मारपीट की। घटना के बाद घायल युवक ने थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए मोतीनगर थाना पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर जांच शुरू की और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की। मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया, जिसके आधार पर आरोपियों की लोकेशन पगारा क्षेत्र में मिलने की जानकारी प्राप्त हुई।
घेराबंदी कर की गिरफ्तारी
शुक्रवार को पुलिस टीम ने घेराबंदी कर देवेंद्र पिता हरिश्चंद अहिरवार (21 वर्ष) और प्रशनप्रकाश पिता कुंदनलाल अहिरवार (27 वर्ष) दोनों निवासी पगारा को गिरफ्तार किया। इनके साथ एक 17 वर्षीय नाबालिग आरोपी को भी अभिरक्षा में लिया गया।
मोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से वारदात में उपयोग की गई लाठी बरामद कर ली गई है। दोनों बालिग आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है, जबकि नाबालिग आरोपी को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।
फिलहाल पुलिस मामले की विवेचना कर रही है और आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल था, वहीं पुलिस की त्वरित कार्रवाई से लोगों ने राहत की सांस ली है।