बीना/खुरई। मध्य प्रदेश के सागर जिले के बीना और खुरई क्षेत्र में फरवरी माह के दौरान मौसम ने अचानक करवट ले ली। गुरुवार सुबह जहां बीना में हल्की बौछारें पड़ीं, वहीं खुरई में करीब 15 मिनट तक बूंदाबांदी दर्ज की गई। इस बदलाव के साथ ही एक बार फिर ठंड का अहसास लौट आया है।
सुबह से बदला मौसम का मिजाज
गुरुवार सुबह करीब 7 बजे से ही आसमान में बादल छा गए थे। लगभग 9 बजे हल्की बारिश शुरू हुई, जो बीना में करीब 10 मिनट और खुरई में लगभग 15 मिनट तक चली। बारिश भले ही कम समय के लिए हुई हो, लेकिन इसके साथ चली ठंडी हवाओं ने तापमान में गिरावट ला दी।
सुबह-सुबह लोग गर्म कपड़ों में नजर आए। कई जगहों पर लोगों ने ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा लिया। पिछले कुछ दिनों से दोपहर के समय तेज धूप और हल्की गर्मी महसूस की जा रही थी, लेकिन इस बारिश ने मौसम को फिर ठंडा कर दिया।

किसानों की बढ़ी चिंता
अचानक हुई बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। इस समय क्षेत्र में गेहूं की फसल कटाई की अवस्था में है। किसान सीताराम सिंह, पूरन पटेल और भागीरथ सिंह ने बताया कि अगर बारिश दोबारा होती है या मौसम ज्यादा खराब होता है, तो फसल की गुणवत्ता पर असर पड़ सकता है।
उनका कहना है कि इस समय गेहूं की बालियां पककर तैयार हैं। बारिश के कारण दानों की चमक प्रभावित हो सकती है और नमी बढ़ने से उत्पादन पर भी असर पड़ सकता है। इससे बाजार में उचित दाम मिलने में कठिनाई आ सकती है।

मौसम विभाग की नजर
स्थानीय स्तर पर मौसम में आए इस बदलाव को पश्चिमी विक्षोभ के असर से जोड़ा जा रहा है। हालांकि बारिश बहुत हल्की रही, लेकिन बादल और ठंडी हवाएं अगले एक-दो दिन तक बने रहने की संभावना जताई जा रही है।
फिलहाल, किसान मौसम के साफ होने की उम्मीद कर रहे हैं ताकि कटाई कार्य बिना किसी बाधा के पूरा किया जा सके। अचानक बदले मौसम ने जहां आम लोगों को ठंड का अहसास कराया है, वहीं किसानों के लिए यह चिंता का कारण बन गया है।