खजुराहो। पर्यटन नगरी खजुराहो के ऐतिहासिक ननोरा तालाब में शुक्रवार शाम उस समय हड़कंप मच गया जब पानी में एक अज्ञात शव मिलने की सूचना सामने आई। यह घटना ब्रह्मा मंदिर के पास स्थित तालाब की है, जहां बच्चों ने खेलते समय पानी में संदिग्ध वस्तु देखी और तुरंत स्थानीय लोगों व पुलिस को सूचना दी। कुछ ही देर में मौके पर भीड़ जमा हो गई और पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर जांच शुरू की।
प्रारंभिक जांच में शव लगभग 4 से 5 दिन पुराना बताया जा रहा है। शरीर पूरी तरह से फूल चुका है और उस पर काई जम चुकी है, जिससे पहचान करना मुश्किल हो गया है। पुलिस ने शव की शिनाख्त के लिए फॉरेंसिक टीम को बुलाया है और डीएनए जांच की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
बच्चों ने देखा, फिर फैली सूचना
स्थानीय लोगों के अनुसार, तालाब के पास कुछ बच्चे खेल रहे थे, तभी उन्होंने पानी में कुछ संदिग्ध वस्तु तैरती हुई देखी। पहले तो उन्हें समझ नहीं आया, लेकिन जब उन्होंने ध्यान से देखा तो यह मानव शरीर जैसा प्रतीत हुआ। इसके बाद तुरंत आसपास के लोगों को सूचना दी गई और पुलिस को बुलाया गया।

सूचना मिलते ही खजुराहो पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकालने की कार्रवाई की। पुलिस ने क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू की और शुरुआती तौर पर इसे संदिग्ध मौत का मामला माना जा रहा है।
शव की हालत खराब, पहचान मुश्किल
पुलिस के अनुसार शव की हालत अत्यंत खराब है। लंबे समय तक पानी में रहने के कारण शरीर फूल गया है और चेहरे की पहचान करना संभव नहीं हो पा रहा है। शव के पास से अभी तक कोई पहचान पत्र या ऐसा कोई सामान नहीं मिला है जिससे मृतक की पहचान की जा सके।
इसी कारण पुलिस आसपास के इलाकों में गुमशुदगी के मामलों की भी जांच कर रही है। साथ ही, आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि कोई व्यक्ति या घटना संदिग्ध तो नहीं है।
हादसा या कुछ और? जांच के सभी पहलू खुले
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि मामला दुर्घटना का है, आत्महत्या का है या किसी आपराधिक घटना से जुड़ा हुआ है। सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है।

गर्मी के मौसम में तालाब का पानी काफी हद तक सूख चुका है और कई जगह दलदल जैसी स्थिति बन गई है। ऐसे में पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या मृतक किसी हादसे का शिकार हुआ हो सकता है या फिर उसे यहां लाकर फेंका गया हो।
फॉरेंसिक और डीएनए जांच शुरू
शव की पहचान सुनिश्चित करने के लिए पुलिस ने फॉरेंसिक विशेषज्ञों को बुलाया है। मौके से नमूने एकत्र किए गए हैं और डीएनए जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि पहचान के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा।
अमृत योजना के तहत चल रहा है तालाब का कायाकल्प
यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब इसी ननोरा तालाब के सौंदर्यीकरण और विकास का काम चल रहा है। केंद्र और राज्य सरकार की अमृत योजना के तहत लगभग 1.70 करोड़ रुपये की लागत से तालाब के पुनर्विकास का कार्य किया जा रहा है।

इस परियोजना में तालाब की गहरीकरण, सफाई और चारों तरफ घाटों का निर्माण शामिल है। काम के दौरान तालाब में पानी का स्तर कम होने और दलदल जैसी स्थिति बनने से सुरक्षा को लेकर सवाल भी उठ रहे हैं।
स्थानीय लोगों में दहशत और चर्चा
शव मिलने की घटना के बाद स्थानीय लोगों में दहशत और चर्चा का माहौल है। लोग यह जानने को उत्सुक हैं कि आखिर मृतक कौन है और उसकी मौत कैसे हुई। कई लोग इसे संदिग्ध मान रहे हैं और पुलिस से जल्द खुलासा करने की मांग कर रहे हैं।

कुछ स्थानीय निवासियों ने यह भी कहा कि पर्यटन क्षेत्र होने के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करने की जरूरत है, ताकि इस तरह की घटनाओं को समय रहते रोका जा सके।
पुलिस की अपील
पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति के परिजन या परिचित पिछले कुछ दिनों से लापता हैं तो वे तुरंत थाने में संपर्क करें और शव की पहचान में सहयोग करें।
फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और सभी संभावित एंगल्स को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है। शव की पहचान होते ही मौत के कारणों पर भी स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।