सागर। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल के निर्देशन में सागर शहर में अवैध अहातों और शराब दुकानों के आसपास बैठाकर शराब पिलाने वालों के विरुद्ध आबकारी विभाग द्वारा लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। शहर में विशेष अभियान चलाकर अवैध रूप से संचालित हो रहे अहातों की जांच की जा रही है तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रकरण दर्ज किए जा रहे हैं।

इसी क्रम में 18 मई 2026 को आबकारी विभाग की टीम ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान मछरयाई, राजीव नगर वार्ड, शास्त्री नगर, काकागंज, धर्मश्री, गुजराती बाजार तथा झांसी बस स्टैंड स्थित मदिरा दुकानों के आसपास अवैध अहातों की जांच की गई। निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 36(ए) के तहत कुल 5 प्रकरण कायम किए गए।
अभियान के दौरान वृत्त दक्षिण प्रभारी श्रीमती रोशनी उरेती एवं वृत्त उत्तर प्रभारी श्री सियाराम चौधरी के नेतृत्व में कार्रवाई की गई। अधिकारियों ने मदिरा दुकानों के आसपास बैठकर शराब सेवन कराने वाले लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए संबंधित व्यक्तियों को चेतावनी भी दी कि भविष्य में नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

आबकारी अमले ने कार्रवाई के दौरान मछरयाई क्षेत्र, बड़ा करीला और सदर बाजार क्षेत्र में गश्त एवं तलाशी अभियान भी चलाया। अधिकारियों ने संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए कई स्थानों की जांच की और अवैध गतिविधियों में संलिप्त लोगों की जानकारी एकत्रित की।
आबकारी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि शहर में अवैध अहातों और सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन की शिकायतें लगातार प्राप्त हो रही थीं। इन्हीं शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है। विभाग का उद्देश्य सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखना और अवैध शराब गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण करना है।
कलेक्टर प्रतिभा पाल के निर्देश पर चलाए जा रहे इस अभियान के तहत आगे भी निरंतर कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध अहातों का संचालन करने वालों तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। आबकारी विभाग ने आमजन से भी अपील की है कि यदि कहीं अवैध रूप से शराब पिलाने या अहाता संचालित होने की जानकारी मिले तो तत्काल प्रशासन को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।