सागर, 14 सितम्बर 2025।
सागर के लिए गर्व और उत्साह का क्षण उस समय बना, जब डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय के मेधावी छात्र और 3 एमपी सिग्नल कंपनी एनसीसी के जांबाज़ कैडेट हिम सिंह ने राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित ऑल इंडिया थल सैनिक कैंप (AITSC) 2025 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक हासिल किया। नई दिल्ली में आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में देशभर की एनसीसी यूनिट्स से चुनिंदा कैडेट्स ने हिस्सा लिया।

अनुशासन और कौशल का अद्वितीय प्रदर्शन
ऑल इंडिया थल सैनिक कैंप एनसीसी के सबसे कठिन और चुनौतीपूर्ण आयोजनों में गिना जाता है। इसमें कैडेट्स को न केवल अपनी शारीरिक दक्षता, बल्कि मानसिक दृढ़ता और सैन्य कौशल का भी परिचय देना होता है। प्रतियोगिता के दौरान प्रतिभागियों को फील्ड क्राफ्ट, मैप रीडिंग, फायरिंग, ड्रिल, नेतृत्व क्षमता और सैन्य अनुशासन जैसी कठिन चुनौतियों से गुजरना पड़ता है।
हिम सिंह ने हर क्षेत्र में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए यह सिद्ध कर दिया कि अनुशासन, दृढ़ निश्चय और निरंतर अभ्यास से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उनके प्रदर्शन ने निर्णायकों और सह-प्रतिभागियों को प्रभावित किया और अंततः उन्हें कांस्य पदक से सम्मानित किया गया।
विश्वविद्यालय और एनसीसी इकाई का गौरव
हिम सिंह की सफलता पर डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति ने बधाई देते हुए कहा—
“यह उपलब्धि न केवल विश्वविद्यालय, बल्कि पूरे सागर और मध्यप्रदेश का मान बढ़ाने वाली है। हिम सिंह ने अपने अनुशासन और मेहनत से साबित किया है कि हमारे युवा वैश्विक मंच पर भी अपनी प्रतिभा का परचम लहरा सकते हैं।”
वहीं, 3 एमपी सिग्नल कंपनी एनसीसी के अधिकारियों ने भी इस उपलब्धि पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि हिम सिंह की मेहनत, लगन और राष्ट्र सेवा की भावना ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया है। उनके प्रदर्शन से अन्य कैडेट्स को भी नई प्रेरणा मिलेगी।
परिवार और शिक्षकों का उत्साह
हिम सिंह की सफलता की खबर मिलते ही उनके परिजनों और शिक्षकों में खुशी की लहर दौड़ गई। परिवार के सदस्यों ने कहा कि यह उपलब्धि हिम सिंह के समर्पण और कठोर परिश्रम का परिणाम है। वहीं शिक्षकों ने इसे युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक बताया और विश्वास जताया कि हिम सिंह भविष्य में भी सेना और समाज सेवा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छुएंगे।
युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत
हिम सिंह का यह सफर केवल व्यक्तिगत सफलता तक सीमित नहीं है। यह उपलब्धि उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो देश की सेवा का सपना देखते हैं। आज के समय में जहां युवा अनेक विकल्पों के बीच उलझ जाते हैं, वहीं हिम सिंह जैसे कैडेट यह संदेश देते हैं कि दृढ़ निश्चय और अनुशासन से राष्ट्र सेवा की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।