बीना शहर में शनिवार सुबह एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जिसने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया। खिमलासा अंडरब्रिज के पास स्थित सांई धाम कॉलोनी में एक थैले के भीतर नवजात शिशु का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
राहगीरों ने देखा थैला, अंदर नवजात को देखकर चौंक गए
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शनिवार सुबह कुछ राहगीरों की नजर सांई धाम कॉलोनी के पास सड़क किनारे पड़े एक संदिग्ध थैले पर पड़ी। जब उन्होंने पास जाकर देखा तो थैले के अंदर एक नवजात शिशु था। यह दृश्य देखकर लोग घबरा गए और तत्काल इसकी सूचना बीना थाना पुलिस और सिविल अस्पताल को दी।

सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और क्षेत्र को घेराबंदी कर जांच शुरू की।
अस्पताल पहुंचाने पर डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
सूचना के बाद सिविल अस्पताल से वाहन चालक वीरेंद्र तिवारी मौके पर पहुंचे और नवजात को तुरंत अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों की टीम ने जांच के बाद बच्चे को मृत घोषित कर दिया।
प्रारंभिक चिकित्सकीय जानकारी के अनुसार, नवजात की उम्र लगभग एक दिन बताई जा रही है। बच्चे की नाल कटी हुई थी और उसके पैरों के तलवों पर स्याही के निशान पाए गए हैं, जिससे आशंका जताई जा रही है कि उसका जन्म किसी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र में हुआ हो सकता है। ये निशान पुलिस जांच में अहम सुराग साबित हो सकते हैं।

पीएम हाउस में रखा गया शव, जांच तेज
फिलहाल नवजात के शव को पोस्टमार्टम हाउस में सुरक्षित रखा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि शिशु की मौत जन्म से पहले हुई या जन्म के बाद।
बीना थाना प्रभारी अनूप यादव ने बताया कि थैले में मृत अवस्था में नवजात शिशु मिलने की सूचना पर पुलिस टीम को तुरंत मौके पर भेजा गया था। आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि थैला वहां किसने और कब रखा।

इलाके में आक्रोश और संवेदना
घटना के बाद सांई धाम कॉलोनी और आसपास के क्षेत्र में लोगों में गहरा आक्रोश और दुख देखा गया। लोग इस अमानवीय कृत्य की निंदा कर रहे हैं और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
पुलिस को जल्द खुलासे की उम्मीद
टीआई अनूप यादव ने कहा कि पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है। आसपास के अस्पतालों, नर्सिंग होम और हाल ही में प्रसव कराने वाली महिलाओं की जानकारी जुटाई जा रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही मामले का खुलासा कर दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
यह घटना न केवल कानून व्यवस्था बल्कि समाज की संवेदनशीलता पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है।