सागर जिले में शासकीय विद्यालयों में समय पर ई-अटेंडेंस सुनिश्चित करने और शिक्षकों की उपस्थिति पुख्ता करने के लिए शिक्षा विभाग लगातार सख्त रुख अपनाए हुए है। इसी कड़ी में जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद जैन ने शाहगढ़ और बंडा विकासखंड के विभिन्न स्कूलों का औचक निरीक्षण किया, जिसमें कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। कई शिक्षक अनुपस्थित मिले, वहीं कुछ स्कूलों में छात्रों की उपस्थिति भी लगभग न के बराबर पाई गई।

गूगरा खुर्द स्कूल में 9 शिक्षक अनुपस्थित
निरीक्षण के दौरान शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गूगरा खुर्द में तो प्रार्थना सभा तो हो रही थी, लेकिन
- अरविंद जैन (उच्च माध्यमिक शिक्षक)
- डॉ. कीर्ति तिवारी
- रश्मि चतुर्वेदी
- प्रतिभा दुबे
- अशोक गौतम
- देवी अहिरवार
- गौरव लोधी
- भूपेंद्र वर्मा
- रीना लोधी (सभी अतिथि शिक्षक)
कुल 9 शिक्षक अनुपस्थित पाए गए।
सेमरा रामचंद्र स्कूल—शिक्षक भी गायब, छात्र भी नहीं मिले
शासकीय एकीकृत माध्यमिक शाला सेमरा रामचंद्र में प्राथमिक शिक्षक लता गोस्वामी अनुपस्थित थीं। हैरानी की बात यह रही कि छात्र-छात्राएं भी विद्यालय में मौजूद नहीं थे। प्रभारी प्रधानाध्यापक को कारण-बताओ सूचना पत्र जारी किया गया।
जगथर स्कूल—उपस्थिति रजिस्टर में हस्ताक्षर नहीं
शासकीय माध्यमिक शाला जगथर में प्राथमिक शिक्षक राजकुमार घोषी अनुपस्थित मिले।
वहीं अतिथि शिक्षक सचिन कुमार जैन और मधुर कुमार जैन तो उपस्थित थे, लेकिन उपस्थिति पंजी में उनके हस्ताक्षर ही नहीं थे, जो नियमों का उल्लंघन माना गया।

बिजरी स्कूल—तीन शिक्षकों का एक दिन का वेतन काटा
शासकीय प्राथमिक शाला बिजरी में
- सुनीता तिवारी,
- राजबहादुर सिंह ठाकुर,
- कल्याण प्रसाद साहू
अनुपस्थित मिले। छात्रों को विद्यालय मैदान में इधर-उधर घूमते पाया गया। इस पर तीनों शिक्षकों का एक दिन का वेतन काटने और एक वेतन वृद्धि रोके जाने की कार्रवाई की गई।
कांटी स्कूल—भवन जर्जर, गंदगी और पशु विचरण
शासकीय एकीकृत माध्यमिक शाला कांटी के निरीक्षण में विद्यालय दो पालियों में संचालित पाया गया। शिक्षकों ने बताया कि पुराना भवन जर्जर होने के कारण गिराया जा चुका है।
विद्यालय परिसर में पशु विचरण और गंदगी पाई गई, जिस पर प्रभारी प्रधानाध्यापक हर्ष खरे और विकासखंड स्रोत समन्वयक मंतराम अहिरवार को कारण-बताओ पत्र जारी हुआ।
विद्यालय को एक ही पाली में संचालित करने के निर्देश दिए गए।
अनियमितताओं पर लगातार कार्रवाई
डीईओ ने स्पष्ट किया कि बिना ई-अटेंडेंस और बिना समय पर उपस्थिति के किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अन्य निरीक्षण किए गए स्कूलों में भी अनियमितताएं मिलने पर कार्रवाई की गई है।